Instagram Comment Murder Delhi: हाल ही में एक शख्स ने अपनी बेटी की कोर्ट मैरिज का जश्न मनाया था। घर में खुशियां थीं, मिठाइयां बंटी थीं। बेटी ने उस खास दिन की तस्वीरें Instagram पर डालीं, जैसा आजकल हर कोई करता है। लेकिन किसी को क्या पता था, कि यही तस्वीरें उसके पिता की मौत की वजह बन जाएंगी।
एक कमेंट और भड़क गई आग-
उस शादी की स्टोरी पर कुछ लड़कों ने आपत्तिजनक टिप्पणी कर दी। बस यहीं से सब कुछ बदल गया। किसी भी बाप के लिए यह बर्दाश्त करना मुश्किल होता, बेटी की शादी की खुशी पर कोई ऐसी बात करे, तो खून खौलना स्वाभाविक है। पहले बात सोशल मीडिया तक सीमित रही, लेकिन धीरे-धीरे यह झगड़ा ऑनलाइन से निकलकर सड़क पर आ गया।
शांति से सुलझाने गए, लेकिन मिली मौत-
20 फरवरी को सतीश अपने परिवार के साथ मामले को सुलझाने के इरादे से सामने वाले पक्ष के घर गया। नीयत साफ थी, बात करो, मामला खत्म करो और घर लौट आओ। लेकिन जब वे वापस लौट रहे थे, तभी एक तंग गली में आरोपियों ने घात लगाकर हमला कर दिया। पहले हाथापाई हुई, फिर चाकू निकल आया। सतीश की छाती में चाकू घोंप दिया गया। उसकी पत्नी और बेटी को भी बुरी तरह पीटा गया। परिवार किसी तरह सतीश को अस्पताल ले गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
कैमरे में कैद हुई दरिंदगी-
पुलिस के मुताबिक, इस हमले में तीन लोग शामिल थे और पूरी वारदात इलाके के CCTV कैमरे में रिकॉर्ड हो गई। हमले के बाद तीनों आरोपी मौके से फरार हो गए। लेकिन पुलिस ने कई जगह छापेमारी करके तीनों को गिरफ्तार कर लिया। पोस्टमार्टम के बाद सतीश का शव परिवार को सौंप दिया गया। फिलहाल तीनों से पूछताछ जारी है और मामले की जांच चल रही है।
सोशल मीडिया की एक गलती, पूरे परिवार की तबाही-
यह घटना हमें सोचने पर मजबूर करती है। एक बेटी ने खुशी में तस्वीरें साझा कीं और उसका नतीजा यह हुआ, कि उसके पिता की जान चली गई। सोशल मीडिया पर की गई एक लापरवाह टिप्पणी ने एक पूरे परिवार को तोड़ दिया। जो घर कुछ दिन पहले शादी की खुशियों से गूंज रहा था, वह आज मातम में डूबा है। यह सिर्फ एक हत्या की खबर नहीं है, यह एक चेतावनी है कि सोशल मीडिया पर की गई, एक गलती की कीमत कितनी भारी हो सकती है।
ये भी पढ़ें- Faridabad में यहां सिर्फ 1 रुपए में मिल रहे होली के गुलाल, जानिए कहां और क्यों
साथ ही हमें आज के युथ पर कस के पकड़ बनाने की ज़रुरत है। क्योंकि आज के ज़्यादातर युवा हिंसा के गलत रास्ते पर चल चुके हैं। छोटी सी बात के लिए खून करनवा जैसे कोई बड़ी बात नहीं होता जा रहा है। उन्हें ज़िंदगी की कीमत सिखाना, अपने घर के युवा पर नज़र रखना ज़रुरी है, क्योंकि वह सिर्फ अपनी ज़िंदगी बर्बाद नहीं करते, अपने परिवार के साथ किसी और मासूम की ज़िंदगी खराब कर रहे हैं।
ये भी पढ़ें- जानिए क्यों बदला Kerala का नाम? अब इस नाम से पुकारा जाएगा ये राज्य



