Delhi NCR School Holidays
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    Delhi NCR School Holidays: दिल्ली-NCR में गुरुवार को लगातार चौथे दिन कड़ाके की सर्दी ने लोगों को कंपा दिया। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मुताबिक, राजधानी में सुबह का टेम्प्रेचर 5 डिग्री सेल्सियस के आसपास रिकॉर्ड किया गया। रिकॉर्ड तोड़ ठंड के बीच स्टूडेंट्स और पेरेंट्स के मन में सबसे बड़ा सवाल है, क्या 16 जनवरी को स्कूल खुलेंगे या छुट्टी बढ़ाई जाएगी? आइए जानते हैं पूरी डिटेल।

    16 जनवरी को दिल्ली के स्कूल खुलेंगे या नहीं?

    दिल्ली के स्कूल 16 जनवरी 2026 से खुलने वाले हैं। एजुकेशन डायरेक्टोरेट (DoE), दिल्ली गवर्नमेंट के ऑफिशियल कैलेंडर के अनुसार, सरकारी स्कूलों को 1 से 15 जनवरी 2026 तक बंद रखने का ऑर्डर दिया गया था। क्योंकि कम विजिबिलिटी और फ्रीजिंग टेम्प्रेचर की वजह से स्टूडेंट्स को आने-जाने में दिक्कत हो रही थी। अब जब छुट्टियां खत्म हो रही हैं, तो कई लोग स्कूलों के दोबारा खुलने को लेकर सवाल उठा रहे हैं। फिलहाल अथॉरिटीज ने दिल्ली की विंटर वेकेशंस में किसी तरह की बढ़ोतरी की घोषणा नहीं की है।

    नोएडा और गुरुग्राम के स्कूलों की स्थिति-

    नोएडा और गुरुग्राम के स्कूल गुरुवार तक बंद रहे। उत्तर प्रदेश गवर्नमेंट ने मकर संक्रांति के मौके पर 15 जनवरी 2026 को पब्लिक हॉलिडे घोषित किया है। वहीं दिल्ली के स्कूल आज इंटेंस कोल्ड वेदर की वजह से बंद हैं। हालांकि, अभी तक किसी स्टेट ने 16 जनवरी के लिए छुट्टी एक्सटेंड करने का ऐलान नहीं किया है।

    दिल्ली में शिमला-देहरादून से ज्यादा ठंड क्यों?

    वेदर डिपार्टमेंट के आंकड़े चौंकाने वाले हैं। 13 जनवरी को दिल्ली में मिनिमम टेम्प्रेचर 3.0 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि हरियाणा के कुछ हिस्सों में 1.5 डिग्री सेल्सियस, पंजाब और गुरुग्राम में जीरो डिग्री सेल्सियस था। इसी दौरान शिमला में 6.6 डिग्री सेल्सियस और देहरादून में 6.5 डिग्री सेल्सियस टेम्प्रेचर रिकॉर्ड हुआ। मंगलवार को तीन साल में जनवरी की सबसे कोल्डेस्ट मॉर्निंग रिकॉर्ड की गई, जबकि बुधवार को दिल्ली में मिनिमम टेम्प्रेचर 3.8 डिग्री सेल्सियस था, जो सीजनल एवरेज से 3.6 डिग्री कम है।

    बीबीसी हिंदी के मुताबिक, IMD के साइंटिस्ट नरेश कुमार ने को बताया, “इस सीजन में हिमालय से भारत के नॉर्थईस्टर्न प्लेन्स की तरफ ड्राई नॉर्थवेस्टर्ली विंड्स चलती हैं, जिससे टेम्प्रेचर तेजी से गिरता है।” उन्होंने बताया, कि एक एक्टिव वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के कारण माउंटेनस रीजंस में क्लाउड कवर रहा और हीट ट्रैप्ड हो गई, जिससे रात में टेम्प्रेचर तेजी से नहीं गिरा। लेकिन प्लेन्स में क्लियर स्काई और लगातार कोल्ड नॉर्थवेस्टर्ली विंड्स के कारण स्ट्रॉन्ग रेडिएटिव कूलिंग हुई, जिससे टेम्प्रेचर शार्प गिर गया।

    IMD का येलो अलर्ट और मौसम का पूर्वानुमान-

    वेदर डिपार्टमेंट ने येलो अलर्ट जारी करते हुए, आइसोलेटेड प्लेसेज पर कोल्ड वेव कंडीशंस की वॉर्निंग दी है। हालांकि, फ्राइडे से कुछ रिलीफ मिल सकती है। क्योंकि एक फीबल वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के अप्रोच से कोल्ड वेव कंडीशंस वीकन होने और नाइट टेम्प्रेचर्स बढ़ने की उम्मीद है।

    15 जनवरी से एक वेस्टर्न डिस्टर्बेंस हिमालयन रीजन को इन्फ्लुएंस करना शुरू करेगा और 16 जनवरी को फ्रेश स्नोफॉल की पॉसिबिलिटी है। विंड्स भी ईस्टर्ली डायरेक्शन में शिफ्ट होने की एक्सपेक्टेशन है, जिससे मॉइश्चर लेवल बढ़ेगा और रिलेटिवली माइल्डर वेदर कंडीशंस आएंगी। स्काईमेट के वाइस-प्रेजिडेंट महेश पलावत ने कहा, “एक दूसरा, मोर एक्टिव वेस्टर्न डिस्टर्बेंस 22 या 23 जनवरी को प्लेन्स में पॉसिबल रेन ला सकता है।”

    अगले दो दिनों का आउटलुक-

    IMD के अनुसार, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, वेस्ट उत्तर प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़, झारखंड और ओडिशा में अगले दो दिनों तक कोल्ड वेव कंडीशंस बने रहने की वेरी लाइकली है और उसके बाद अबेट होगी। “पंजाब और हरियाणा और चंडीगढ़ के आइसोलेटेड पॉकेट्स में अगले 2 दिनों के दौरान कोल्ड डे कंडीशंस वेरी लाइकली हैं,” IMD ने अपने लेटेस्ट वेदर बुलेटिन में कहा।

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    IMD के नॉर्म्स के अनुसार, जब मिनिमम टेम्प्रेचर 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे गिरता है और नॉर्मल से 4.5 डिग्री या उससे ज्यादा कम होता है, या जब एक्चुअल मिनिमम टेम्प्रेचर 4 डिग्री सेल्सियस या उससे कम टच करता है, तो कोल्ड वेव डिक्लेयर की जाती है। एक IMD ऑफिशियल ने कहा, “बुधवार को मल्टिपल स्टेशंस ने कोल्ड वेव कंडीशंस रिपोर्ट किए।” वहीं अगर मैक्सिमम टेम्प्रेचर 10 डिग्री सेल्सियस से कम है और नॉर्मल से 4.5 से 6.5 डिग्री बिलो है, तो इसे ‘कोल्ड डे’ कहा जाता है और अगर मैक्सिमम टेम्प्रेचर नॉर्मल से 6.5 डिग्री से मोर बिलो है, तो इसे ‘सीवियर कोल्ड’ कहा जाता है।

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    By sumit

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