DND Expressway
    Photo Source - Google

    DND Expressway: दिल्ली से दक्षिणी हरियाणा जाने वालों के लिए अच्छी खबर है। DND-जैतपुर-फ़रीदाबाद-पलवल-सोहना एक्सप्रेसवे कॉरिडोर का आख़िरी हिस्सा बनकर तैयार हो गया है। टाइम्स ऑफ़ इंडिया की 20 अक्टूबर की रिपोर्ट के मुताबिक ट्रायल रन में सराय काले खां से सोहना और पलवल तक का सफ़र करीब 40 से 45 मिनट में पूरा हुआ, जबकि भीड़ के समय यही रास्ता लगभग तीन घंटे में तय होता है। आइए आसान भाषा में समझते हैं कि ये कॉरिडोर क्या है और आपको इससे क्या फ़ायदा हो सकता है।

    किसने की घोषणा?

    दक्षिण दिल्ली के सांसद रमेश बिधूड़ी ने बताया, कि निरीक्षण और तकनीकी जाँच के बाद आख़िरी हिस्से का काम पूरा हो गया है। इसमें भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) द्वारा की गई लोड टेस्टिंग भी शामिल है। TOI के सूत्रों के मुताबिक प्रधानमंत्री, नरेंद्र मोदी इस साल के आख़िर तक इसका उद्घाटन कर सकते हैं।

    रूट और कनेक्टिविटी-

    DND-फ़रीदाबाद-सोहना एक्सेस कंट्रोल्ड हाइवे, जिसका नंबर NH-148A है, करीब 59 किलोमीटर लंबा है। इसके अलावा 9 किलोमीटर का एक और हिस्सा दिल्ली के DND फ्लाईवे को जैतपुर से जोड़ता है।

    ये कॉरिडोर सराय काले खाँ से शुरू होकर जैतपुर और मीठापुर होते हुए फ़रीदाबाद की ओर जाता है। आगे इसका जुड़ाव कुंडली-मानेसर-पलवल (KMP) एक्सप्रेसवे और दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे नेटवर्क से भी होगा। दक्षिणी हरियाणा जाने वालों को रिंग रोड और मथुरा रोड के जाम वाले हिस्सों का एक विकल्प मिलेगा।

    ट्रैफिक जाम पर क्या असर पड़ेगा?

    उम्मीद है कि इससे आश्रम चौक, कालिंदी कुंज और मथुरा रोड पर दबाव घटेगा, क्योंकि दिल्ली और हरियाणा के बीच आने-जाने वाली गाड़ियों को तेज़ रास्ता मिलेगा। बिधूड़ी के मुताबिक बेहतर कनेक्टिविटी से सफ़र का समय और ईंधन की खपत भी कम हो सकती है। फ़रीदाबाद, बल्लभगढ़, सोहना और पलवल जाने वाले लोग और आगे हाइवे नेटवर्क से जुड़ने वाले यात्री इससे फ़ायदा उठा सकते हैं। रोज़ आने-जाने वालों और माल ढुलाई पर निर्भर कारोबारियों के लिए समय की बचत बड़ी हो सकती है। हालांकि असली बचत गाड़ियों की संख्या, एंट्री-एग्ज़िट पॉइंट और कॉरिडोर के पूरी तरह चालू होने के बाद के हालात पर निर्भर करेगी।

    ये भी पढ़ें- जंबू सवारी देखने गया 4 साल का बच्चा ICU में भर्ती, सिर पर पुलिस की लाठी लगने का आरोप

    क्या एक्सप्रेसवे ट्रैफिक के लिए खुला है?

    कॉरिडोर के दिल्ली और हरियाणा वाले हिस्सों की स्थिति अलग-अलग है। DND फ्लाईवे से जैतपुर तक का 9 किलोमीटर का हिस्सा ट्रायल के तौर पर खुला है। ट्रायल के दौरान यहां टोल नहीं लगेगा और रफ़्तार की सीमा 40 किमी प्रति घंटा है। वहीं सोहना और KMP एक्सप्रेसवे की ओर जाने वाला करीब 50 किलोमीटर का हरियाणा वाला हिस्सा चालू है, जहाँ टोल लगता है और हाइवे के सामान्य नियम लागू हैं।

    ये भी पढ़ें- हरियाणा में 3 दिन की बिजली हड़ताल, निजी कंपनी को लाइसेंस के विरोध में कर्मचारी

    By Juliee Chaurasia

    जूली चौरसिया एक अनुभवी न्यूज़ राइटर हैं, जो समसामयिक घटनाओं, ज्योतिष, ऑटोमोबाइल, वायरल खबरों और सामाजिक मुद्दों पर सरल और तथ्यात्मक लेखन के लिए जाने जाते हैं। इन्हें जटिल विषयों को भी आसान और पाठकों से जुड़ी भाषा में प्रस्तुत करने की विशेष कला आती है।डिजिटल मीडिया में कई वर्षों का अनुभव रखते हुए, ये हमेशा ट्रेंडिंग और भरोसेमंद जानकारी पाठकों तक तेजी और सटीकता के साथ पहुँचाने पर जोर देते हैं। इनका उद्देश्य है कि हर खबर सिर्फ सूचना न दे, बल्कि पाठकों को समझ और जागरूकता भी प्रदान करे।