Delhi New Flyover: दिल्ली सरकार ने शनिवार को उत्तर पश्चिम दिल्ली के इलाकों में भारी ट्रैफिक की समस्या से निजात दिलाने के लिए एक नए फ्लाईओवर के निर्माण की घोषणा की है। यह फ्लाईओवर केशोपुर डिपो के पास IFC सप्लीमेंट्री ड्रेन से शुरू होकर आउटर रिंग रोड पर हैदरपुर तक बनाया जाएगा। सरकारी अधिकारियों ने बताया, कि इस प्रोजेक्ट से लाखों यात्रियों को रोजाना राहत मिलेगी।
फिलहाल PWD ने इस प्रोजेक्ट के लिए डिटेल्ड फीजिबिलिटी स्टडी के लिए कंसल्टेंसी को मंजूरी दे दी है। यह अध्ययन मौजूदा और भविष्य के ट्रैफिक वॉल्यूम की जांच करेगा, इंजीनियरिंग डिजाइन तैयार करेगा और पर्यावरण पर पड़ने वाले प्रभावों का आकलन करेगा। एक वरिष्ठ PWD अधिकारी ने कहा, कि यह स्टडी तकनीकी रूप से मजबूत और भविष्य के लिए तैयार प्लान बनाने में मदद करेगी।
किन इलाकों को मिलेगा फायदा-
हिंदुस्तान टाइम्स के मुताबिक, यह फ्लाईओवर केशोपुर, हैदरपुर, पंजाबी बाग, पीतमपुरा, शालीमार बाग, रोहिणी और आसपास के इलाकों से गुजरने वाले यात्रियों के लिए सीधी राहत लेकर आएगा। ये इलाके राजधानी की सबसे व्यस्त सड़कों में से एक पर स्थित हैं, जहां सालों से भारी वाहनों की संख्या और सीमित ग्रेड-सेपरेटेड क्रॉसिंग के कारण ट्रैफिक जाम की समस्या बनी हुई है।
PWD मंत्री परवेश वर्मा ने कहा, कि यह फ्लाईओवर यात्रियों की रोजमर्रा की परेशानियों को ध्यान में रखकर प्लान किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि केशोपुर, हैदरपुर, पंजाबी बाग, पीतमपुरा, शालीमार बाग और पूरे रोहिणी बेल्ट में सालों से भारी ट्रैफिक लोड रहा है।
पारदर्शिता और तकनीकी मजबूती पर जोर-
मंत्री वर्मा ने बताया कि सरकार बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के लिए स्ट्रक्चर्ड प्लानिंग अप्रोच फॉलो करेगी। उन्होंने कहा, कि आउटर रिंग रोड पर हर बड़ा इंफ्रास्ट्रक्चर वर्क अब तकनीकी मजबूती, पारदर्शिता और सख्त टाइमलाइन के आधार पर होगा, ताकि दिल्ली को टिकाऊ समाधान मिल सके।
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अधिकारियों ने बताया, कि प्रस्तावित फ्लाईओवर से इंटरडिस्ट्रिक्ट कनेक्टिविटी सुचारू होगी और रोजाना ऑफिस जाने वालों, पब्लिक ट्रांसपोर्ट बसों, कमर्शियल व्हीकल्स और इमरजेंसी सर्विसेज के लिए आवाजाही आसान हो जाएगी। आउटर रिंग रोड शहर के पश्चिमी और उत्तरी हिस्सों को जोड़ने वाला एक प्रमुख कॉरिडोर है।
फीजिबिलिटी रिपोर्ट पूरी होने के बाद डिपार्टमेंट फाइनल डिजाइन अप्रूवल, बजट एलोकेशन और टेंडरिंग की दिशा में आगे बढ़ेगा। अभी तक कोई कंप्लीशन टाइमलाइन अनाउंस नहीं की गई है।
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