Vande Bharat Sleeper: Indian Railways अगले हफ्ते रातभर की लंबी दूरी की यात्रा में एक बड़ा बदलाव लेकर आने वाली है। Vande Bharat Sleeper Express की शुरुआत के साथ ही ट्रेन यात्रा का एक पुराना सिस्टम खत्म हो जाएगा। अब RAC की सुविधा पूरी तरह बंद कर दी जाएगी। यात्रियों को सिर्फ पूरी तरह से कन्फर्म टिकट ही मिलेगा, जो एक प्रीमियम और नो-कॉम्प्रोमाइज ट्रैवल एक्सपीरियंस की तरफ एक साफ कदम है।
सिर्फ कन्फर्म टिकट, RAC और वेटिंग लिस्ट नहीं-
Railway Board की आधिकारिक गाइडलाइन के मुताबिक, Vande Bharat Sleeper trains में RAC, वेटलिस्ट या आधे-अधूरे टिकट की सुविधा नहीं होगी। रिजर्वेशन पीरियड की शुरुआत से ही सभी बर्थ बुकिंग के लिए खुली रहेंगी। इसका मतलब साफ है, कि या तो यात्री कन्फर्म सीट के साथ सफर करेंगे, या बिल्कुल नहीं। यह फैसला उन लाखों यात्रियों के लिए नया अनुभव होगा, जो सालों से RAC और वेटिंग टिकट लेकर ट्रेन में चढ़ने के आदी रहे हैं। हालांकि इससे यात्रियों को पक्की गारंटी मिलेगी, कि अगर टिकट बुक हुआ, तो पूरी सुविधा के साथ यात्रा होगी।
किराया होगा राजधानी से भी महंगा-
बुकिंग सिस्टम में बदलाव के साथ-साथ किराए में भी बढ़ोतरी की गई है। यह राजधानी एक्सप्रेस जैसी मौजूदा प्रीमियम सर्विस से भी थोड़ा महंगा होगा। Railway Board ने मिनिमम चार्जेबल डिस्टेंस 400 किलोमीटर तय की है, यानी अगर आप इससे कम भी यात्रा करें, तो भी 400 किमी का किराया देना होगा। 3AC के लिए 2.4 रुपये प्रति किमी, 2AC के लिए 3.1 रुपये और First AC के लिए 3.8 रुपये का रेट फिक्स किया गया है। इस हिसाब से मिनिमम किराया 3AC में 960 रुपये, 2AC में 1,240 रुपये और First AC में 1,520 रुपये (GST अलग से) होगा। हावड़ा-गुवाहाटी जैसे 1,000 किमी के रूट पर यह क्रमशः 2,400, 3,100 और 3,800 रुपये तक जाएगा।
पीएम मोदी करेंगे पहली ट्रेन का उद्घाटन-
पहली Vande Bharat Sleeper Express का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुवाहाटी-हावड़ा रूट पर करेंगे। यह ट्रेन मौजूदा एक्सप्रेस सर्विस की तुलना में करीब तीन घंटे की बचत करेगी। ओवरनाइट ट्रेन के तौर पर डिजाइन की गई, यह सर्विस देर शाम को रवाना होगी और अगली सुबह गंतव्य पर पहुंचेगी। यह वेस्ट बंगाल और असम के 10 स्टेशनों पर रुकेगी, जिसमें हावड़ा, मालदा, जलपाईगुड़ी, कूच बिहार और गुवाहाटी शामिल हैं।
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खासियतें जो बनाती हैं इसे खास-
16 कोच वाली इस ट्रेन में 11 3AC, चार 2AC और एक First AC कोच होंगे। हालांकि रेक की तकनीकी रफ्तार 180 किमी प्रति घंटा है, लेकिन सेफ्टी नॉर्म्स की वजह से इस रूट पर यह अधिकतम 130 किमी प्रति घंटे की स्पीड से चलेगी। इसकी खासियतों में बेहतर कुशनिंग वाली बर्थ, ऑटोमेटिक डोर्स, स्मूथ राइड के लिए इम्प्रूव्ड सस्पेंशन और नॉइज रिडक्शन सिस्टम शामिल हैं।
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ट्रेन में कवच सेफ्टी सिस्टम, इमरजेंसी टॉक-बैक सुविधा, मॉडर्न ड्राइवर कंट्रोल्स और बेहतर सेनिटेशन टेक्नोलॉजी भी लगाई गई है। रेलवे ऑफिशियल इसे ओवरनाइट रेल ट्रैवल का नया बेंचमार्क मानते हैं, जो स्पीड, कम्फर्ट और पक्की गारंटी को मिलाकर यात्रियों को वो अनुभव देगा, जिसका वे सालों से इंतजार कर रहे थे।



